राष्ट्र संवाद टाइम्स : ajay verma-
हापुड़ में पशुधन संरक्षण की नोडल अधिकारी ने परखी व्यवस्था
पशुधन संरक्षण पर शासन की नजर, नोडल अधिकारी ने हापुड़ में परखी व्यवस्था
गो आश्रय स्थलों में भरण-पोषण की स्थिति देखी, आठ गांवों में एफएमडी-एलएसडी टीकाकरण का सत्यापन, बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में पशुओं का लिया जायजा
हापुड़। जनपद में गोवंश संरक्षण और पशुओं के स्वास्थ्य को लेकर शासन स्तर से निगरानी की जा रही है। इसी क्रम में शासन द्वारा नामित जनपद के नोडल अधिकारी एवं पशुपालन विभाग मुख्यालय लखनऊ के उप निदेशक डाॅ. बृजेश कुमार विश्वकर्मा ने सोमवार और मंगलवार को जनपद के विभिन्न क्षेत्रों का भ्रमण कर पशुधन से जुड़ी व्यवस्थाओं का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने गो संरक्षण केंद्रों, अस्थायी गो आश्रय स्थलों, टीकाकरण अभियान और बाढ़ प्रभावित गांवों की स्थिति का जायजा लिया।
नोडल अधिकारी ने नन्दपुर और कुलपुर स्थित वृहद गो संरक्षण केंद्रों का निरीक्षण किया। इसके साथ ही उपैड़ा, असौड़ा, दहपा की पुलिया और मुजफ्फरा बागड़पुर स्थित अस्थायी गो आश्रय स्थलों में पहुंचकर संरक्षित गोवंश की स्थिति देखी। उन्होंने गोवंश के भरण-पोषण, चारे-पानी और देखभाल से संबंधित व्यवस्थाओं की जानकारी ली। संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि गो आश्रय स्थलों में संरक्षित गोवंश को पर्याप्त चारा और पानी उपलब्ध कराने के साथ उनकी नियमित देखभाल सुनिश्चित की जाए।
निरीक्षण के दौरान नोडल अधिकारी ने अधिकारियों से गोवंश की स्वास्थ्य स्थिति और आश्रय स्थलों में की जा रही व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट किया कि संरक्षित गोवंश के भरण-पोषण और स्वास्थ्य देखभाल में किसी प्रकार की कमी नहीं रहनी चाहिए।
आठ गांवों में टीकाकरण की जमीनी हकीकत परखी
नोडल अधिकारी ने नगला बड़, आलमगीरपुर गंगानगर, लठीरा, कुलपुर, सरावनी अटटा, अचपल गढ़ी, रघुनाथपुर और अच्छेजा गांवों में पशुओं के टीकाकरण अभियान का स्थलीय सत्यापन किया। इन गांवों में एफएमडी और एलएसडी टीकाकरण की स्थिति देखी गई। उन्होंने अभियान की प्रगति की जानकारी लेते हुए संबंधित अधिकारियों को टीकाकरण कार्य को प्रभावी ढंग से जारी रखने के निर्देश दिए।
बाढ़ प्रभावित गांवों में पशुधन का लिया जायजा
जनपद के बाढ़ प्रभावित गांवों में भी नोडल अधिकारी पहुंचे और वहां पशुओं की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने बाढ़ के कारण पशुधन के सामने आने वाली समस्याओं और उपलब्ध व्यवस्थाओं की जानकारी ली। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि प्रभावित क्षेत्रों में पशुओं के लिए पर्याप्त चारा, पानी और आवश्यक पशु चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध रहें तथा जरूरत पड़ने पर तत्काल सहायता सुनिश्चित की जाए।
नोडल अधिकारी के निरीक्षण के दौरान डाॅ. नितिन गौतम, पशु चिकित्साधिकारी पीरनगर सूदना तथा डाॅ. ओपी मिश्रा, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी हापुड़ उपस्थित रहे। निरीक्षण के माध्यम से गोवंश संरक्षण, टीकाकरण और बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में पशुधन की सुरक्षा से जुड़ी व्यवस्थाओं को जमीनी स्तर पर परखा गया।
