राष्ट्र संवाद टाइम्स : ajay verma :
गंगा के गहरे पानी में डूबने लगे तीन श्रद्धालु, गोताखोरों की सजगता से टला बड़ा हादसा
समय रहते नजर पड़ने से बची तीन जिंदगियां, गंगा के बढ़े जलस्तर को लेकर प्रशासन ने श्रद्धालुओं को किया सतर्क
हापुड़। बृजघाट। गंगा की तेज धारा और गहराई के बीच रविवार को दिल्ली से गंगा स्नान करने पहुंचे एक परिवार के तीन श्रद्धालुओं की जान उस समय सांसत में पड़ गई, जब गहरे पानी में पहुंचते ही एक महिला और किशोर का संतुलन बिगड़ गया। दोनों को डूबता देख उन्हें बचाने की कोशिश में परिवार का अर्जुन भी गहरे पानी की तरफ चला गया। हालात बिगड़ते देख घाट पर मौजूद गोताखोरों की नजर श्रद्धालुओं पर पड़ी और उन्होंने बिना समय गंवाए गंगा में छलांग लगा दी। गोताखोरों की तत्परता और कड़ी मशक्कत के बाद तीनों श्रद्धालुओं को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। समय रहते घटना की जानकारी मिलने और बचाव दल के सक्रिय होने से गंगा में एक बड़ा हादसा टल गया।
ग्रेटर कैलाश, दिल्ली निवासी अर्जुन रविवार को अपने परिवार के साथ बृजघाट गंगा स्नान के लिए पहुंचे थे। परिवार के सदस्य वीआईपी घाट की तरफ स्नान कर रहे थे। इसी दौरान गहरे पानी में पहुंचने पर परिवार की एक महिला और एक किशोर अचानक संतुलन खो बैठे और डूबने लगे। परिवार के सदस्य अर्जुन ने उन्हें बचाने का प्रयास किया, लेकिन वह भी गहरे पानी की चपेट में आ गए। कुछ ही क्षणों में स्थिति गंभीर हो गई। घाट पर मौजूद लोगों की नजर जब डूबते श्रद्धालुओं पर पड़ी, तो बचाव के लिए आवाजें उठने लगीं।
इसी बीच घाट पर मौजूद गोताखोर मुकेश, काले और स्वराज ने स्थिति को भांपते हुए तत्काल गंगा में छलांग लगा दी। तेज बहाव और गहराई के बीच गोताखोरों ने साहस के साथ बचाव अभियान चलाया। कड़ी मशक्कत के बाद तीनों श्रद्धालुओं को सुरक्षित बाहर निकालकर किनारे तक पहुंचाया गया। समय पर बचाव शुरू नहीं होता और गोताखोरों की नजर श्रद्धालुओं पर नहीं पड़ती, तो हादसा और गंभीर रूप ले सकता था। घटना ने एक बार फिर गंगा स्नान के दौरान सावधानी बरतने और निर्धारित सुरक्षित स्थानों पर ही पानी में उतरने की जरूरत को सामने ला दिया।
बढ़े जलस्तर और तेज बहाव को लेकर प्रशासन सतर्क, श्रद्धालुओं से सुरक्षित स्थानों पर स्नान की अपील
सीओ राहुल यादव ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर महत्वपूर्ण अपील करते हुए कहा कि गंगा में कई स्थानों पर अचानक गहराई बढ़ जाती है। ऐसे स्थानों पर स्नान करने के दौरान थोड़ी सी लापरवाही भी गंभीर संकट का कारण बन सकती है। श्रद्धालुओं को चाहिए कि वे गंगा की स्थिति को समझते हुए सुरक्षित और सहज स्थानों पर ही स्नान करें तथा गहरे पानी में जाने से पूरी तरह बचें। उन्होंने बताया कि पुलिस प्रशासन के सहयोग से गोताखोरों की टीम ऐसे स्थानों का सत्यापन करती है, ताकि श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके और किसी भी तरह की अप्रिय घटना को रोका जा सके।
वर्तमान समय में गंगा का जलस्तर बढ़ा हुआ है और नदी उफान पर है। तेज बहाव के कारण कई स्थानों पर पानी की गहराई और प्रवाह का अंदाजा लगाना मुश्किल हो सकता है। इसी को ध्यान में रखते हुए प्रशासन की ओर से घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सतर्कता बरती जा रही है। जगह-जगह नावें लगाई गई हैं और गोताखोरों की मौजूदगी के माध्यम से आपात स्थिति में तत्काल बचाव की व्यवस्था रखी गई है। हालांकि, सुरक्षा इंतजामों के साथ श्रद्धालुओं की सजगता भी बेहद जरूरी है।
प्रशासन की ओर से सभी श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे गंगा के बढ़े जलस्तर और तेज बहाव को देखते हुए जोखिम न उठाएं। केवल सुरक्षित एवं निर्धारित स्थानों पर ही स्नान करें और गहरे पानी की ओर जाने से बचें। बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखें। प्रशासन का उद्देश्य है कि गंगा स्नान के लिए आने वाला प्रत्येक श्रद्धालु सुरक्षित रहे और किसी भी तरह की अनहोनी को समय रहते रोका जा सके।
