राष्ट्र संवाद टाइम्स : ajay verma
पिलखुवा की डॉ. रेनू त्रिपाठी ने बढ़ाया हापुड़ का सम्मान, राष्ट्रपति के हाथों मिला राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान
पिलखुवा/हापुड़। पिलखुवा की निवासी और राजकीय बालिका इंटर कॉलेज की विज्ञान शिक्षिका डॉ. रेनू त्रिपाठी ने राष्ट्रीय स्तर पर हापुड़ जनपद का गौरव बढ़ाया है। शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए उन्हें राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार-2026 से सम्मानित किया गया। राष्ट्रपति के हाथों प्रतिष्ठित सम्मान प्राप्त होने की खबर मिलते ही पिलखुवा में खुशी का माहौल बन गया। उनकी इस उपलब्धि को शहर और जिले के लिए गौरव का क्षण माना जा रहा है। डॉ. रेनू त्रिपाठी प्रो. डॉ. मधुसूदन त्रिपाठी की पत्नी हैं।
डॉ. रेनू त्रिपाठी ने विज्ञान शिक्षा को विद्यार्थियों के लिए अधिक रोचक, सरल और प्रयोगात्मक बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कार्य किया है। उन्होंने विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीक और नए शिक्षण तरीकों से जोड़ने के साथ-साथ विज्ञान विषय के प्रति उनकी रुचि बढ़ाने पर विशेष जोर दिया। उनके प्रयासों का लाभ बड़ी संख्या में विद्यार्थियों को मिला है।
राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान मिलने के बाद डॉ. रेनू त्रिपाठी ने इसे अपने लिए बेहद गौरवपूर्ण और भावुक क्षण बताया। उन्होंने कहा कि यह सम्मान केवल उनका व्यक्तिगत सम्मान नहीं, बल्कि उनके विद्यार्थियों, परिवार, सहकर्मियों और शिक्षा के क्षेत्र से जुड़े उन सभी लोगों का सम्मान है, जिन्होंने उनके सफर में सहयोग और प्रोत्साहन दिया। उन्होंने कहा कि एक शिक्षक के लिए सबसे बड़ी उपलब्धि यही होती है कि उसके विद्यार्थी आगे बढ़कर देश और समाज के लिए बेहतर कार्य करें।
डॉ. रेनू त्रिपाठी की इस उपलब्धि पर प्रो. डॉ. मधुसूदन त्रिपाठी सहित शिक्षकों, विद्यार्थियों, अभिभावकों और शहरवासियों ने उन्हें बधाई दी। लोगों ने कहा कि राष्ट्रपति के हाथों राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान प्राप्त करना पिलखुवा के साथ-साथ पूरे हापुड़ जनपद के लिए गौरव की बात है। उनकी सफलता ने जिले के शिक्षकों और विद्यार्थियों को भी बेहतर कार्य करने की प्रेरणा दी है।
राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान से सम्मानित होकर डॉ. रेनू त्रिपाठी ने यह साबित किया है कि समर्पण, नवाचार और निरंतर मेहनत के दम पर स्थानीय स्तर पर किया गया उत्कृष्ट कार्य भी राष्ट्रीय पहचान हासिल कर सकता है। उनकी उपलब्धि पिलखुवा के लिए गौरव और आने वाली पीढ़ी के लिए प्रेरणा का स्रोत बनी है।
