राष्ट्र संवाद टाइम्स : संवाददाता : durvesh tomar :
पलवाड़ा के जामिया मिलिया दारूल उलूम में सजा सालाना जलसा, तकरीर में छाया अमन और गंगा-जमुनी तहजीब का संदेश
बहादुरगढ़/हापुड़। जनपद हापुड़ के बहादुरगढ़ क्षेत्र स्थित पलवाड़ा के जामिया मिलिया दारूल उलूम मदरसे में सालाना जलसे का आयोजन किया गया। जलसे में दूर-दराज से पहुंचे उलेमा और इमामों ने दीनी शिक्षा, अल्लाह की इबादत, नेक अमल और समाज में आपसी भाईचारे को लेकर अपनी तकरीरें पेश कीं। रूहानी माहौल के बीच आयोजित कार्यक्रम में अमन, इंसानियत और आपसी सद्भाव का संदेश प्रमुखता से सामने आया। बड़ी संख्या में लोगों ने कार्यक्रम में पहुंचकर उलेमा की तकरीरें सुनीं।
सालाना जलसे की रहनुमाई मदरसे के सदर इजलाल खां पूर्व प्रधान, कोषाध्यक्ष शाहबुद्दीन खान और प्रधानाचार्य सिराजुद्दीन ने की। कार्यक्रम के दौरान उलेमा ने दीनी तालीम की अहमियत पर प्रकाश डालते हुए लोगों से नेक रास्ते पर चलने, अच्छे कार्य करने और समाज में भाईचारे की भावना को मजबूत करने की अपील की। धार्मिक नगमों और तकरीरों के माध्यम से भी अल्लाह की बंदगी के साथ अमन और इंसानियत का संदेश लोगों तक पहुंचाया गया।
जलसे में विभिन्न राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्रों से जुड़े लोगों ने भी शिरकत की। सपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं अधिवक्ता सुधीर चौहान ने अपने संबोधन में आपसी भाईचारा कायम रखने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन समाज को अच्छे संदेश देने का काम करते हैं। ऐसी मजलिसें लोगों को आपसी प्रेम, सद्भाव और अमन की राह पर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करती हैं।
सुधीर चौहान ने गंगा-जमुनी तहजीब का उल्लेख करते हुए कहा कि समाज की खूबसूरती आपसी सम्मान और भाईचारे में है। उन्होंने कहा कि इंसान के ईमान और ईमानदारी से ही उसके अच्छे चरित्र की पहचान होती है। नेक काम करने और दूसरों के प्रति सम्मान की भावना रखने से समाज में सकारात्मक वातावरण तैयार होता है। उन्होंने लोगों से अपील की कि आपसी मतभेदों से ऊपर उठकर भाईचारे और इंसानियत को मजबूत किया जाए।
जलसे में मौजूद उलेमा ने भी अपनी तकरीरों के माध्यम से धार्मिक शिक्षा के साथ सामाजिक जिम्मेदारियों पर प्रकाश डाला। वक्ताओं ने लोगों को अच्छे कार्य करने, जरूरतमंदों की मदद करने तथा समाज में अमन और सद्भाव बनाए रखने का संदेश दिया। कार्यक्रम के दौरान धार्मिक नगमों ने माहौल को और रूहानी बना दिया और उपस्थित लोगों ने ध्यानपूर्वक तकरीरें सुनीं।
कार्यक्रम में बड़े मौलाना डॉक्टर अब्दुल मालिक, मौलाना सरताज, सपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता अधिवक्ता सुधीर चौहान, सुदेफ चौधरी, अभिषेक यादव, मास्टर समय सिंह चौहान, फैमिली हॉस्पिटल मेरठ के निदेशक रजब खान, हाजी इजलाल खान, प्रधानाचार्य सिराजुद्दीन, प्रधान यूसुफ, पूर्व प्रधान शाहबुद्दीन खान, नितिन चौहान, शेखर चौहान, सुनील भड़ाना, पिंटू चौहान, यामीन ठेकेदार, गुलजार खान और भाकियू नेता फारूख प्रधान समेत कई लोग मौजूद रहे।
सालाना जलसे में धार्मिक शिक्षा और इबादत के साथ अमन, भाईचारे और गंगा-जमुनी तहजीब को मजबूत करने का संदेश प्रमुखता से दिया गया। कार्यक्रम के समापन पर लोगों से समाज में आपसी प्रेम, सहयोग और सद्भाव बनाए रखने की अपील की गई। मदरसा प्रबंधन ने जलसे में शामिल हुए उलेमा, अतिथियों और सभी सहयोगियों का आभार व्यक्त किया।
