राष्ट्र संवाद टाइम्स : ajay verma

📢 Join Our WhatsApp Group

ताज़ा खबरों के लिए हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ें

Join Now

जीएस आयुर्वेद महाविद्यालय में हिंदी दिवस पर सजे शब्दों के रंग, वाद-विवाद में बैच 2025-26 टीम ए ने मारी बाजी

संस्कृत क्लब ने कराया आयोजन, भाषण और कविता प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने दिखाई प्रतिभा

हापुड़। जीएस विश्वविद्यालय के अंतर्गत संचालित जीएस आयुर्वेद चिकित्सा महाविद्यालय एवं चिकित्सालय में संस्कृत क्लब की ओर से हिंदी दिवस समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने भाषण, कविता और वाद-विवाद प्रतियोगिताओं के माध्यम से हिंदी भाषा के प्रति अपनी समझ और रचनात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया।

समारोह का शुभारंभ महाविद्यालय की प्राचार्या एवं संस्कृत क्लब की अध्यक्ष डॉ. भावना सिंह की अध्यक्षता में दीप प्रज्वलन और मां सरस्वती की वंदना के साथ हुआ।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्राचार्या डॉ. भावना सिंह ने कहा कि हिंदी केवल संवाद का माध्यम नहीं, बल्कि देश की संस्कृति, एकता और राष्ट्रीय पहचान से जुड़ी भाषा है। हिंदी दिवस हमें अपनी भाषाई विरासत को समझने और उसके संरक्षण एवं संवर्धन के प्रति जिम्मेदारी का एहसास कराता है।

Also Read  हापुड़: मोदीनगर जाने के बाद 14 वर्षीय किशोर लापता, पिता की तहरीर पर गुमशुदगी दर्ज

उन्होंने विद्यार्थियों से हिंदी के अधिकाधिक प्रयोग और इसके प्रति सम्मान की भावना विकसित करने का आह्वान किया।समारोह के दौरान भाषण, कविता पाठ और वाद-विवाद प्रतियोगिता आयोजित की गईं। विद्यार्थियों ने विभिन्न विषयों पर अपने विचार प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किए। वाद-विवाद प्रतियोगिता में बैच 2025-2026 की टीम ए ने प्रथम स्थान प्राप्त कर विजेता का खिताब अपने नाम किया। प्रतियोगिता के दौरान विद्यार्थियों के तर्क, प्रस्तुतीकरण और विषय पर पकड़ ने उपस्थित लोगों का ध्यान आकर्षित किया।

प्रतियोगिताओं के निर्णायक मंडल में डॉ. पंकज तनेजा और डॉ. घनश्याम वत्स ने निर्णायक की भूमिका निभाई। कार्यक्रम का संचालन संस्कृत क्लब के सचिव श्री राम प्रताप यादव के निर्देशन में समीक्षा और स्नेहा ने किया।कार्यक्रम में डॉ. संदीप फुंडे, डॉ. राहुल, डॉ. मोहित, डॉ. भावना जोशी, डॉ. मधु भारद्वाज सहित महाविद्यालय के अन्य संकाय सदस्य एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों में खासा उत्साह दिखाई दिया।समारोह का उद्देश्य विद्यार्थियों में हिंदी भाषा के प्रति रुचि बढ़ाने के साथ-साथ अपनी संस्कृति और भाषाई विरासत के प्रति जागरूकता पैदा करना रहा। आयोजन के माध्यम से विद्यार्थियों को मंच प्रदान कर उनकी अभिव्यक्ति और रचनात्मक क्षमता को भी प्रोत्साहित किया गया।

Also Read  गणेश चतुर्दशी से पहले FSDA का बड़ा एक्शन, मिलावटी पनीर पर कसा शिकंजा, तीन इकाइयों पर कार्रवाई