राष्ट्र संवाद टाइम्स : ajay verma :
हापुड़ में गांधी जयंती का अलग रंग, ‘वैष्णव जन तो…’ से लेकर जिलेभर के श्रमदान तक दिखी सेवा की भावना
हापुड़। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर शुक्रवार को हापुड़ जनपद में श्रद्धा, सेवा और स्वच्छता का संदेश प्रमुखता से दिखाई दिया। कलेक्ट्रेट परिसर में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में जहां महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री को श्रद्धासुमन अर्पित किए गए, वहीं कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय की छात्राओं ने राष्ट्रपिता के प्रिय भजन ‘वैष्णव जन तो…’ की सामूहिक प्रस्तुति देकर वातावरण को भावपूर्ण बना दिया। दूसरी ओर गांधी जयंती के अवसर पर जिले के सरकारी कार्यालयों, विद्यालयों, ग्राम पंचायतों और नगर पालिकाओं में ‘स्वच्छता ही सेवा-श्रमदान’ कार्यक्रम आयोजित किए गए।
कलेक्ट्रेट में श्रद्धांजलि से शुरू हुआ कार्यक्रम
कलेक्ट्रेट परिसर स्थित सभागार में सुबह 8:30 बजे आयोजित कार्यक्रम में जिलाधिकारी श्रीमती कविता मीना, अपर जिलाधिकारी समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे। सभी ने महात्मा गांधी एवं लाल बहादुर शास्त्री के चित्रों पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए। कार्यक्रम के दौरान दोनों महापुरुषों के जीवन, विचारों और राष्ट्र के प्रति योगदान को याद किया गया।
‘वैष्णव जन तो…’ की प्रस्तुति ने बांधा समां
कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय की छात्राओं की सामूहिक प्रस्तुति रही। छात्राओं ने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के प्रिय भजन ‘वैष्णव जन तो पीर पराई जाने रे…’ का गायन किया। भावपूर्ण प्रस्तुति ने कार्यक्रम में मौजूद लोगों का ध्यान आकर्षित किया और गांधी जी के विचारों एवं आदर्शों की स्मृति को जीवंत कर दिया।
प्रस्तुति के बाद जिलाधिकारी श्रीमती कविता मीना ने कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय की अध्यापिका एवं छात्राओं को पुरस्कार एवं मिठाई वितरित कर उनका उत्साहवर्धन किया।
डीएम ने सत्य, अहिंसा और स्वच्छता को जीवन में उतारने का दिया संदेश
जिलाधिकारी श्रीमती कविता मीना ने अपने संबोधन में कहा कि महात्मा गांधी ने देश और समाज को सत्य, अहिंसा तथा स्वच्छता का मार्ग दिखाया। उनका जीवन प्रत्येक व्यक्ति के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने कहा कि गांधी जयंती केवल उन्हें याद करने का अवसर नहीं, बल्कि उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लेने का दिन है।
जिलाधिकारी ने स्वच्छ भारत मिशन का उल्लेख करते हुए कहा कि स्वच्छता के प्रति जागरूकता गांधी जी के विचारों से जुड़ी महत्वपूर्ण भावना है। उन्होंने लोगों से अपने घर, कार्यस्थल और आसपास के सार्वजनिक स्थानों को स्वच्छ रखने तथा स्वच्छता को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।
लाल बहादुर शास्त्री के संदेश को भी किया याद
कार्यक्रम में पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री को भी श्रद्धापूर्वक याद किया गया। जिलाधिकारी ने उनके चित्र पर माल्यार्पण कर राष्ट्र के प्रति उनके योगदान को नमन किया। उन्होंने शास्त्री जी के प्रसिद्ध ‘जय जवान, जय किसान’ के नारे को वर्तमान संदर्भ में भी प्रासंगिक बताते हुए उनके विचारों और सादगीपूर्ण जीवन से प्रेरणा लेने का संदेश दिया।
नगर पालिका में सफाई कर्मियों ने ली स्वच्छता की शपथ
गांधी जयंती के अवसर पर नगर पालिका परिषद हापुड़ के सभागार में भी कार्यक्रम आयोजित किया गया। नगर पालिका अध्यक्ष एवं अधिशासी अधिकारी की ओर से सफाई कर्मियों को स्वच्छता के प्रति शपथ दिलाई गई। इसके साथ ही महात्मा गांधी एवं लाल बहादुर शास्त्री के चित्रों पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
कार्यक्रम के बाद सभागार में आयोजित जनकल्याणकारी योजनाओं पर आधारित प्रदर्शनी का उपस्थित लोगों ने अवलोकन किया। प्रदर्शनी में विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं से संबंधित जानकारी प्रदर्शित की गई।
जिलेभर में चला ‘स्वच्छता ही सेवा-श्रमदान’ कार्यक्रम
गांधी जयंती पर स्वच्छता का संदेश केवल कलेक्ट्रेट और नगर पालिका तक सीमित नहीं रहा। जनपद के सभी सरकारी कार्यालयों, विद्यालयों, ग्राम पंचायतों एवं नगर पालिकाओं में ‘स्वच्छता ही सेवा-श्रमदान’ कार्यक्रम आयोजित किए गए। अधिकारियों, कर्मचारियों, शिक्षकों और विद्यार्थियों समेत विभिन्न वर्गों के लोगों ने स्वच्छता गतिविधियों में सहभागिता की।
कार्यक्रमों के माध्यम से सार्वजनिक स्थानों को स्वच्छ रखने, आसपास गंदगी न फैलाने और स्वच्छ वातावरण के निर्माण में सामूहिक भागीदारी सुनिश्चित करने का संदेश दिया गया।
श्रद्धांजलि के साथ सेवा और स्वच्छता की भावना
गांधी जयंती पर हापुड़ में आयोजित कार्यक्रमों में एक ओर महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री को श्रद्धापूर्वक याद किया गया, वहीं दूसरी ओर उनके विचारों को जनजीवन से जोड़ने का प्रयास किया गया। कलेक्ट्रेट में छात्राओं के भजन से लेकर नगर पालिका में सफाई कर्मियों की शपथ और जिलेभर में हुए श्रमदान तक कार्यक्रमों में श्रद्धा के साथ सेवा और स्वच्छता की भावना दिखाई दी।
गांधी जयंती के अवसर पर आयोजित इन कार्यक्रमों ने सत्य, अहिंसा, स्वच्छता, सेवा और राष्ट्रहित जैसे मूल्यों को सामाजिक जीवन में आगे बढ़ाने का संदेश दिया।
