राष्ट्र संवाद टाइम्स : ajay verma :
हापुड़ में कार पार्किंग विवाद ने पकड़ा तूल, मारपीट के बाद कार क्षतिग्रस्त, एक अभियुक्त हिरासत में
कार खड़ी करने को लेकर हुआ विवाद, कहासुनी के बाद मारपीट का आरोप
हापुड़। नगर कोतवाली क्षेत्र में बुधवार शाम कार खड़ी करने को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद हो गया। आरोप है कि कार पार्किंग को लेकर शुरू हुई कहासुनी कुछ ही देर में बढ़ गई और दोनों पक्षों के बीच मारपीट की स्थिति बन गई। इसी दौरान एक कार के शीशे क्षतिग्रस्त किए जाने की बात सामने आई है। सूचना पर नगर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और घटनाक्रम की जानकारी जुटाते हुए आवश्यक कार्रवाई शुरू की।
मारपीट के दौरान कार क्षतिग्रस्त किए जाने का आरोप
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, कार खड़ी करने को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद की शुरुआत हुई थी। आरोप है कि कहासुनी बढ़ने के बाद मारपीट हुई और इसी दौरान एक कार के शीशे तोड़कर उसे क्षतिग्रस्त कर दिया गया। घटना के बाद मौके पर लोगों की भीड़ एकत्र हो गई, जिसके बाद पुलिस को मामले की सूचना दी गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और घटनाक्रम से संबंधित जानकारी जुटाई।
पुलिस ने एक व्यक्ति को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की
मामले में नगर कोतवाली पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक व्यक्ति को हिरासत में लिया है। हिरासत में लिए गए व्यक्ति से पुलिस द्वारा घटना के संबंध में पूछताछ की जा रही है। इसके साथ ही पुलिस विवाद के दौरान मौजूद अन्य लोगों की भूमिका और घटनाक्रम से जुड़े तथ्यों की भी जांच कर रही है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि विवाद की शुरुआत किन परिस्थितियों में हुई थी।
कोतवाली प्रभारी सुरेश कुमार ने बताया, जांच के बाद होगी विधिक कार्रवाई
नगर कोतवाली प्रभारी सुरेश कुमार के अनुसार, कार खड़ी करने को लेकर विवाद और मारपीट की सूचना प्राप्त हुई थी। सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति की जानकारी ली और एक व्यक्ति को हिरासत में लिया है। मामले से संबंधित तथ्यों, बयानों और उपलब्ध साक्ष्यों की जांच की जा रही है। जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर नियमानुसार विधिक कार्रवाई की जाएगी।
साक्ष्यों के आधार पर तय होगी आगे की कार्रवाई
पुलिस घटनास्थल से संबंधित तथ्यों के साथ प्रत्यक्षदर्शियों से मिली जानकारी और उपलब्ध साक्ष्यों की पड़ताल कर रही है। मामले में लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। पुलिस का कहना है कि जांच में दोष सिद्ध होने पर संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध कानून के अनुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी और किसी भी तथ्य को जांच के बिना अंतिम निष्कर्ष नहीं माना जाएगा।
