राष्ट्र संवाद टाइम्स : ajay verma :
मिलावटी बालूसाई की शिकायत पर सूरी स्वीट्स पहुंची FSDA टीम, नमूने लेकर जांच को भेजे; रिपोर्ट पर टिकी नजरें
हापुड़। खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर की गई शिकायत के बाद खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (FSDA) की टीम ने तहसील के पास स्थित सूरी स्वीट्स पर पहुंचकर जांच-पड़ताल की। विभागीय टीम ने प्रतिष्ठान से बालूसाई के नमूने लिए और उन्हें जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिया। अचानक हुई विभागीय कार्रवाई की जानकारी आसपास के दुकानदारों को हुई तो इलाके में भी हलचल दिखाई दी और प्रतिष्ठान पर मौजूद लोगों में भी कार्रवाई को लेकर चर्चा शुरू हो गई।
हालांकि, लिए गए नमूनों की वास्तविक गुणवत्ता प्रयोगशाला जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।ग्राहक की शिकायत के बाद सक्रिय हुआ विभाग जानकारी के अनुसार, एक ग्राहक द्वारा सूरी स्वीट्स से प्राप्त बालूसाई की गुणवत्ता को लेकर शिकायत किए जाने की बात सामने आई है। शिकायत जिलाधिकारी तक पहुंचने के बाद मामले को खाद्य सुरक्षा विभाग के संज्ञान में लिया गया। इसके बाद विभागीय टीम ने मौके पर पहुंचकर प्रतिष्ठान का निरीक्षण किया और संबंधित खाद्य पदार्थ के नमूने नियमानुसार लिए।
विभाग की कार्रवाई के दौरान खाद्य पदार्थ की गुणवत्ता से संबंधित आवश्यक प्रक्रिया पूरी की गई और नमूनों को जांच के लिए सुरक्षित तरीके से भेजने की तैयारी की गई।मौके पर नमूने लेकर शुरू की जांच की प्रक्रियाFSDA टीम की कार्रवाई के दौरान बालूसाई के नमूने लिए गए। नमूनों को नियमानुसार सीलबंद कर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है। खाद्य पदार्थ में किसी प्रकार की मिलावट या मानकों से संबंधित कमी है अथवा नहीं, इसका निर्धारण प्रयोगशाला जांच रिपोर्ट के आधार पर ही किया जाएगा।
फिलहाल विभाग की कार्रवाई को शिकायत के सत्यापन और खाद्य गुणवत्ता की जांच की प्रक्रिया के तौर पर देखा जा रहा है। रिपोर्ट आने से पहले किसी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं माना जाएगा।दस दिन के भीतर दूसरी बार कार्रवाई की चर्चासूरी स्वीट्स पर करीब दस दिन पहले भी FSDA की कार्रवाई होने की बात सामने आई है। अब दोबारा शिकायत के बाद विभागीय टीम के प्रतिष्ठान पर पहुंचने से मामला चर्चा में है।
लगातार विभागीय कार्रवाई के बीच अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि वर्तमान कार्रवाई में लिए गए नमूनों की प्रयोगशाला रिपोर्ट क्या सामने आती है। इससे खाद्य पदार्थ की गुणवत्ता को लेकर उठे सवालों की स्थिति भी स्पष्ट हो सकेगी और विभाग को आगे की प्रक्रिया तय करने में आधार मिलेगा।मिलावट की पुष्टि अभी बाकी, रिपोर्ट के बाद ही साफ होगी स्थिति बालूसाई को लेकर शिकायत किए जाने के बावजूद अभी यह निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा कि खाद्य पदार्थ वास्तव में मिलावटी था।
वर्तमान में विभाग के पास जांच के लिए लिए गए नमूने हैं और अंतिम स्थिति प्रयोगशाला रिपोर्ट से स्पष्ट होगी। रिपोर्ट में खाद्य पदार्थ के निर्धारित मानकों के अनुरूप होने या नहीं होने की स्थिति सामने आएगी। इसलिए फिलहाल शिकायत को आरोप के रूप में ही देखा जा रहा है और जांच पूरी होने तक किसी भी पक्ष के संबंध में अंतिम निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा।
खाद्य कारोबारियों में भी बढ़ी सतर्कताFSDA की इस कार्रवाई के बाद मिठाई और खाद्य पदार्थों का कारोबार करने वाले प्रतिष्ठानों में भी सतर्कता बढ़ने की चर्चा है। त्योहारी और मांग वाले समय में मिठाइयों की गुणवत्ता को लेकर खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा नमूना लेने और जांच की कार्रवाई महत्वपूर्ण मानी जाती है। विभागीय टीम द्वारा प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किए जाने से कारोबारियों को खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, स्वच्छता और निर्धारित मानकों के पालन को लेकर विशेष सावधानी बरतने का संदेश भी जाता है।
शिकायत से लेकर जांच रिपोर्ट तक पूरी प्रक्रिया पर नजरमामले में फिलहाल शिकायत, विभागीय निरीक्षण और नमूना लेने की कार्रवाई सामने आई है। अब प्रयोगशाला रिपोर्ट इस पूरे प्रकरण में महत्वपूर्ण होगी। रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि बालूसाई निर्धारित खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुरूप थी या नहीं। इसके बाद ही विभाग द्वारा नियमानुसार आगे की कार्रवाई का निर्णय लिया जाएगा।
यदि रिपोर्ट में कोई कमी सामने आती है तो संबंधित कानूनी प्रावधानों के अनुसार कार्रवाई की प्रक्रिया अपनाई जा सकती है, जबकि मानकों के अनुरूप पाए जाने पर स्थिति उसी आधार पर स्पष्ट होगी।विभागीय कार्रवाई के बाद रिपोर्ट का इंतजारFSDA की टीम द्वारा नमूने लिए जाने के बाद अब निगाहें जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं। विभाग की ओर से रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद खाद्य पदार्थ की गुणवत्ता से संबंधित स्थिति स्पष्ट की जाएगी।
यदि रिपोर्ट में किसी तरह की कमी या मानकों का उल्लंघन सामने आता है तो नियमानुसार संबंधित कार्रवाई की जा सकती है। वहीं, रिपोर्ट मानकों के अनुरूप आने पर शिकायत के संबंध में भी स्थिति स्पष्ट हो जाएगी और मामले में आगे की कार्रवाई का निर्णय उपलब्ध तथ्यों के आधार पर किया जाएगा।अंतिम स्थिति जांच रिपोर्ट के बाद ही होगी स्पष्ट फिलहाल इस मामले में किसी प्रकार की मिलावट की अंतिम पुष्टि नहीं हुई है।
बालूसाई के लिए गए नमूनों की प्रयोगशाला जांच के बाद ही वास्तविक स्थिति सामने आएगी। विभागीय कार्रवाई को शिकायत पर की गई जांच प्रक्रिया के रूप में देखा जा रहा है। इसलिए जांच रिपोर्ट आने तक सभी आरोपों को शिकायत के स्तर पर ही रखा जाना कानूनी और पत्रकारिता की दृष्टि से उचित होगा। रिपोर्ट सामने आने के बाद ही खाद्य पदार्थ की गुणवत्ता और आगे की विभागीय कार्रवाई को लेकर स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी।
